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पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान कम वजन मां और बचà¥à¤šà¥‡ दोनों के लिठहो सकता है खतरनाक, जानिठवजन बढ़ाने के तरीके !
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ वजन से à¤à¥€ समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚ होती हैं और कम वजन à¤à¥€ कई तरह की परेशानियां पैदा कर सकता है. यहां जानिठकम वजन से होने वाले खतरों के बारे में और वजन बढ़ाने के तरीकों के बारे में.
रेगनेंसी के दौरान वजन का बढ़ना और कम होना दोनों ही हानिकारक माने जाते हैं. वजन बढ़ने की वजह से जेसà¥à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨à¤² डायबिटीज, हाई बीपी का खतरा बढ़ता है. ये सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ मां और बचà¥à¤šà¥‡ दोनों के लिठखतरनाक हो सकती है. वहीं औसत वजन से कम वेट होना à¤à¥€ कम खतरनाक नहीं होता. इसके कारण कॉमà¥à¤ªà¥à¤²à¥€à¤•ेशंस पैदा हो सकते हैं.
वैसे तो वजन की गणना शरीर की लंबाई के आधार पर की जाती है. लेकिन अगर विशेषजà¥à¤žà¥‹à¤‚ की आम राय पर गौर करें तो कंसीव करने से पहले महिला का वजन कम से कम 45 किलो तो होना ही चाहिà¤. कंसीव करने के बाद वजन 10 से 15 किलो और बढ़ना चाहिà¤. अगर इससे कम वजन हो, तो महिला को अंडरवेट माना जाता है. पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी और अंडरवेट का कॉमà¥à¤¬à¥€à¤¨à¥‡à¤¶à¤¨ सही नहीं होता. à¤à¤¸à¥‡ में पà¥à¤°à¥€-मैचà¥à¤¯à¥‹à¤° डिलीवरी या जनà¥à¤® के समय बचà¥à¤šà¥‡ का वजन कम होना, मिसकैरेज या सी-सेकà¥à¤¶à¤¨ डिलीवरी का रिसà¥à¤• बढ़ता है.
वजन कम होने से बचà¥à¤šà¥‡ को हो सकता है ये नà¥à¤•सान
– मां के अंडरवेट होने का मतलब है कि महिला के शरीर में जरूरी पोषक ततà¥à¤µ नहीं पहà¥à¤‚च पा रहे हैं. इसके कारण जनà¥à¤® के समय बचà¥à¤šà¤¾ कà¥à¤ªà¥‹à¤·à¤£ का शिकार हो सकता है.
अगर जनà¥à¤® के समय शिशॠका वजन बेहद कम है, तो आगे चलकर वो ​डायबिटीज या हारà¥à¤Ÿ संबनà¥à¤§à¥€ समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं का शिकार हो सकता है.
– वजन कम होने के कारण शिशॠका इमà¥à¤¯à¥‚न सिसà¥à¤Ÿà¤® बहà¥à¤¤ कमजोर होता है. à¤à¤¸à¥‡ में वो संकà¥à¤°à¤®à¤£ की गिरफà¥à¤¤ में बहà¥à¤¤ तेजी से आता है.
– जनà¥â€à¤® के समय वजन कम होने से शिशॠको सेरेबà¥à¤°à¤² पालà¥â€à¤¸à¥€, सीखने की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ में दिककत, देखने और सà¥à¤¨à¤¨à¥‡ में समसà¥à¤¯à¤¾ हो सकती है.
वजन बढ़ाने के लिठकà¥à¤¯à¤¾ करें
– नाशà¥à¤¤à¥‡ को सà¥à¤•िप न करें. नाशà¥à¤¤à¥‡ में पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨à¤¯à¥à¤•à¥à¤¤ आहार जरूर लें.
– à¤à¥‹à¤œà¤¨ का समय निरà¥à¤§à¤¾à¤°à¤¿à¤¤ करें. अगर à¤à¤• साथ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ नहीं खा पातीं, तो थोड़े थोड़े अंतराल पर कà¥à¤› न कà¥à¤› खाती रहें.
– किसी à¤à¥€ परिसà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में खà¥à¤¦ को à¤à¥‚खा न रखें. अपने पास नटà¥à¤¸, डà¥à¤°à¤¾à¤ˆ फà¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸, बिसà¥à¤•à¥à¤Ÿ और ताज़ा फल आदि हमेशा रखें.
– कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® के लिठदूध, दही, पनीर आदि लेते रहें.
– उचà¥â€à¤š कैलोरी वाली चीजें जैसे अंकà¥à¤°à¤¿à¤¤ अनाज, बीनà¥à¤¸ आदि चीजें लेते रहें.
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